सपा के एक और मुस्लिम नेता का सशर्त इस्तीफा

सपा के एक और मुस्लिम नेता का सशर्त इस्तीफा

हथकरघा एवं वस्त्र उद्योग के सलाहकार मौलाना तौकीर रजा खां ने इस्तीफा दे दिया है। इसकी वजह उन्होंने सपा सरकार का ठीक से काम न कर पाना बताई है।

उनका कहना है कि सरकार का यही रवैया रहा तो उनकी पार्टी सपा के साथ हुए समझौते पर भी पुनर्विचार करने को मजबूर होगी।

सरकार से इस्तीफा देने वाले बरेलवी मसलक के वे दूसरे नेता हैं। इससे पहले राज्य एकीकरण परिषद के उपाध्यक्ष आबिद खां भी मुख्यमंत्री को अपना त्यागपत्र भेज चुके हैं।

मौलाना तौकीर रजा खां ने ‘अमर उजाला’ को बताया कि सपा सरकार में मुसलमानों के मसले हल नहीं हो रहे हैं।

मुजफ्फरनगर दंगों से बेघर हुए तमाम मुसलमान अपने गांवों को लौटना चाहते हैं, मगर सरकार उन्हें पर्याप्त सुरक्षा मुहैया नहीं करा पा रही है।

उन गांवों में पुलिस चौकी स्थापित करके इस काम को आसानी से किया जा सकता है, मगर सरकार की इसमें कोई रुचि नहीं है।

जो मुसलमान अपने घरों को नहीं लौटना चाहते, उनके लिए कॉलोनी बनाकर देने की मांग उन्होंने सरकार के सामने रखी थी, लेकिन इस पर भी विचार नहीं किया गया।

इसके अलावा दंगा आयोग के गठन, बेगुनाह मुसलमानों के खिलाफ दर्ज केस वापस लेने और पीसीएस (जे) में उर्दू के पर्चे की उनकी मांग भी अनसुनी कर दी गई।

मौलाना तौकीर ने बताया कि इन्हीं सब मसलों के हल न होने से उन्होंने इस्तीफा दिया है। ये मसले हल होने पर ही वह सपा सरकार के साथ काम करने की स्थिति में होंगे। मौलाना तौकीर इत्तेहाद ए मिल्लत कौंसिल (आईएमसी) के अध्यक्ष भी हैं।

उन्होंने कहा कि मुल्क में फिरकापरस्त ताकतों को सत्ता में आने से रोकने के लिए आईएमसी ने सपा से समझौता किया था। अगर राज्य सरकार इसी तरह से काम करती रही तो इस समझौते पर भी पुनर्विचार होगा। [Amar Ujala]

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

*